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دول مجموعة السبع بشأن الصين: دول مجموعة السبع بشأن فيروس كورونا الصيني: चीन से कोरोना वायरस निकलने पर जी 7 देश


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  • G-7 कई मुद्दों पर चीन को घेरा ، जांच की मांग
  • वायरस कहां से पैदा हुआ ، इसे लेकर सवाल
  • ، हॉन्ग-कॉन्ग में मानवाधिकार उल्लंघन
  • आर्थिक चुनौतियों को लेकर भी चिंता दिखी

लंदन
वायरस की महामारी फैलने को लेकर चीन पर आरोप लगते रहे हैं। में हुए जी -7 समिट (قمة مجموعة الدول السبع) के दौरान भी सदस्य देशों ने वायरस की उत्पत्ति का पता लगाने के लिए स्टडी की मांग की भूमिका को पहले भी जांच गई थी और स्वास्थ्य संगठन की टीम चीन भेजी गई थी लेकिन उसे पूरा नहीं दिया गया था। में चीन पर लगे मानवाधिकार उल्लंघन के आरोपों पर भी बयान जारी किया गया।

वायरस लीक की जांच हो
-7 देशों ने अपने बयान में मांग की है कि منظمة الصحة العالمية से कोविड -19 की उत्पत्ति का पता लगाने के लिए साइंस पर आधारित पारदर्शी जांच समय से राशी ، ब्रिटेन के विदेश मंत्री डॉमिनिक राब ने कहा है कि महामारी के वुहान लैब से लीक वायरस से फैलने की आशंका को लेकर अधिकारियों ‘तुलनात्मक नोट’ और अधिक ाता

G7 ،!
منظمة الصحة العالمية ने भी माना
पहले منظمة الصحة العالمية डॉ. . चरण निर्णायक नहीं था और वहां पर चार सिद्धांत थे लेकिन उनपर अबतक कोई निष्कर ष अबतका हमारा कि सभी सिद्धांत खुले होने चाहिए और हमें दूसरे चरण की ओर बढ़ना चाहिए ताकि वायरस के ओरिजन का पता चल


-कॉन्ग ، पर चीन को घेरा
को जारी किए गए बयान में बंधुआ मजदूरी के खिलाफ चिंता जाहिर की गई। शिनजियांग सम्मान करना ، हॉन्ग-कॉन्ग को ज्यादा स्वायत्ता देनी चाहिए चीन सागर में पहुंचाने से बचना चाहिए. जो बाइडेन ने चीन के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया और ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन और फ्रांस के राष्ट्रपति इम्मैनायुअल

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साथ यूरोप؟

के साथ आर्थिक रूप से प्रतिस्पर्धा करने के लिए साथी लोकतांत्रिक नेताओं को अधिक एकजुट मोर्चा पेश करने पर करना चाहते थे। ، यूरोप के नेताओं ने उस तरह साथ नहीं दिया जिस तरह वह उम्मीद कर रहे होंगे। करने से पहले तक कई मुद्दों पर है या नहीं ، इसे लेकर फैसला नहीं हो सका था।

के अधिकारियों के मुताबिक सभी देशों ने बाइडेन का कई मुद्दों पर साथ दिया लेकिन चीन को लेकर ठोस नहीं बन सकी। चांसलर एंजेला मर्केल और इटली के प्रधानमंत्री डराघी और दूसरे नेताओं को चिंता थी कि बयान को चीन को उकसाने के तौर पर न ा

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से आर्थिक चुनौती पर भी नजर
-7 -7 नेताओं ने यह भी कहा है कि वे चीन के बाजार निर्देशित अर्थव्यवस्था से अलग तरीकों को चुनौती के लिए मिलकर काम में जी -7 ने कहा ، ‘चीन और वैश्विक अर्थव्यवस्था को मिल रही प्रतिस्पर्धा के संदर्भ में ، हम बाजार निर्देशित अर्थव्यस्था से भिन्न नीतियों और तरीकों को चुनौती देने के लिए सामूहिक पहल के वास्ते परामर्श करते रहेंगे क्योंकि ऐसे तरीके वैश्विक अर्थव्यवस्था के निष्पक्ष और संचालन को कमजोर बनाते हैं। ”

، होगी फेल!

G-7 में चीन पर निशाना

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